मध्य प्रदेश के इंदौर और भोपाल में मास्क अनिवार्य

भोपाल| मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि कोरोना के संबंध में लगातार सतर्कता जरूरी है। थोड़ी सी लापरवाही विकराल रूप ले सकती है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने इंदौर और भोपाल में तत्काल मास्क की अनिवार्यता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। श्री चौहान ने महाराष्ट्र से लगे सभी जिलों में आने वाले व्यक्तियों का परीक्षण करने के निर्देश भी दिए। कोरोना की स्थिति की समीक्षा के लिए मंत्रालय में आयोजित बैठक में सभी जिला कलेक्टरों को निर्देश दिए गए कि वे अपने जिलों में क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप की तत्काल बैठक कर जिला स्तर पर विद्यमान परिस्थितियों को देखते हुए आवश्यक सावधानी के संबंध में तत्काल निर्णय लें। बैठक में इंदौर और भोपाल से राज्य के अन्य भागों में होने वाले आवागमन पर सतर्कता के संबंध में भी विचार-विमर्श हुआ। महाराष्ट्र से लगे सभी जिलों के ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना से बचाव की सावधानियाँ और रोको-टोको जैसी गतिविधियों पर ग्रामीण विकास विभाग सहित समस्त शासकीय अमला तत्काल अभियान आरंभ करे।

मध्यप्रदेश 9वें स्थान पर

जानकारी दी गई कि देश में केरल और महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण प्रभावितों की संख्या में वृद्धि हुई है। मध्यप्रदेश देश में नवें नंबर पर है। केरल में अब स्थिति नियंत्रण में है। राष्ट्रीय स्तर पर जहाँ महाराष्ट्र में 42 प्रतिशत और केरल में 33 प्रतिशत प्रकरण प्रतिदिन आ रहे हैं, वहीं मध्यप्रदेश में केवल 2 प्रतिशत ही प्रकरण आ रहे हैं। 

पिछले सात दिन में इंदौर में 773 प्रकरण

अपर मुख्य सचिव श्री मोहम्मद सुलेमान ने बताया कि प्रदेश में पिछले हफ्ते से कोरोना पॉजिटिव प्रकरणों की संख्या में वृद्धि दिखाई दे रही है। पिछले सात दिनों में प्रतिदिन इंदौर में 110, भोपाल में 57, जबलपुर में 12 प्रकरण आ रहे हैं। इस अवधि में 773, भोपाल में 397 और जबलपुर में 85 प्रकरण रिपोर्ट हुए हैं। बैतूल, छिंदवाड़ा, बड़वानी, दमोह, सीधी, रतलाम और खरगौन में भी प्रकरण बढ़ रहे हैं।

कोविड टीकाकरण में मध्यप्रदेश देश में दूसरे नंबर पर

मध्यप्रदेश कोविड टीकाकरण में देश में दूसरे नंबर पर है। अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य ने बताया कि हेल्थ वर्कर और फ्रंट लाइन वर्कर के संयुक्त रूप से टीकाकरण में 75 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त कर लिया गया है। राजस्थान में यह 76 प्रतिशत है। टीकाकरण में राष्ट्रीय औसत 53 प्रतिशत है, जबकि प्रदेश के 37 जिलों में 75 प्रतिशत से भी अधिक टीकाकरण हो चुका है। डिंडौरी 93 प्रतिशत, भिंड 89 प्रतिशत, अलीराजपुर, सीहोर और छतरपुर में टीकाकरण का प्रतिशत 87 प्रतिशत है।

ग्वालियर, इंदौर, दतिया टीकाकरण में सबसे पीछे

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने हैल्थ वर्कर्स और फ्रंट लाइन वर्कर्स के टीकाकरण को गति देने के निर्देश दिये। वर्तमान में ग्वालियर और इंदौर 66 प्रतिशत तथा दतिया में 65 प्रतिशत टीकाकरण हुआ है, जो प्रदेश में न्यूनतम है। भोपाल में अब तक लक्षित समूह के 72 प्रतिशत का टीकाकरण हुआ है।

टीकाकरण का दूसरा चक्र 10 मार्च तक पूर्ण होगा

बैठक में जानकारी दी गई कि प्रदेश में पात्र लाभार्थियों के लिये टीकाकरण का दूसरा चक्र आरंभ हो रहा है। इसे 10 मार्च तक पूर्ण कर लिया जाएगा।

मध्य प्रदेश के इंदौर और भोपाल में मास्क अनिवार्य&rdquo पर एक विचार;

  1. प्रशासन ने उचित कदम उठा लिए हैं अब जनता की जागरूकता और उनकी जिम्मेदारी तय करेगी कि हम इस महामारी से कितनी जल्दी उबर सकते हैं।

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